टूटे ख्वाबों की बारात ले आया हूँ,
तेरे वादों की सौगात ले आया हूँ।
सांसें भी अब तेरे बिना थमती हैं,
तेरे नाम की ही बात कह लाया हूँ।
छूटा हर मंजर, बिखरे रास्ते,
तेरी यादों के हैं अब साए साये।
रातें जगती हैं, नींदें रूठी हैं,
तेरे बिन कैसे दिन कट जाए।
आँखों में अब वो चमक नहीं रही,
दिल की धड़कन भी थम सी गई।
तू जो गया, सब कुछ बदल गया,
जैसे ज़िंदगी ही कम सी गई।
अब हर पल तुझको ही ढूँढता हूँ,
तेरे बिना मैं अधूरा सा लगता हूँ।
लौट आ कभी इस दिल के सफर में,
तेरे लिए आज भी तन्हा बैठा हूँ।