तुझको याद करूँ, आज बरसात में भीग जाऊँ,
तेरे प्यार के समंदर में आज मैं बह जाऊँ।
बूँदों की सतरंगी चादर बिछाई है,
तेरी यादों की महक हवा में सजी है।
हर एक बूँद jazbaat को ललकारे
दिल ये मेरा तुझ को ही पुकारे
तुझको याद करूँ, आज बरसात में भीग जाऊँ,
तेरे प्यार के समंदर में आज मैं बह जाऊँ।
सावन की रिमझिम में तेरा चेहरा,
जैसे चाँद पे बरसे बादल का सेहरा|
तेरी आँखों का काजल, बूँदों में घुले,
दिल के तारों को तेरा नाम छू ले।
तुझको याद करूँ, आज बरसात में भीग जाऊँ,
तेरे प्यार के समंदर में आज मैं बह जाऊँ।
पल-पल तुझसे मिलने को मन तरसे,
बरसात की बूँदें मेरी यादों पे बरसे।
चल आ मेरे पास, ओ मेरे हमराही
प्यार की हर बात अब बरसात गवाही|
तुझको याद करूँ, आज बरसात में भीग जाऊँ,
तेरे प्यार के समंदर में आज मैं बह जाऊँ।