[Intro]
सामने खड़ा है दुश्मन, हमारी धरती की रक्षा कसम,
जनता की आवाज़ है, दिल में लिए जुनून ये हम।
[Verse 1]
छुपी हुई है रात में, एक नई सुबह आएगी,
सपनों की रौशनी से, आसमानी उड़ान सजेगी।
कदम बढ़ाते हैं हम, हर मुश्किल का सामना करेंगे,
हाथ में थामे तिरंगा, अपने वतन की शान बनाएंगे।
[Pre-Chorus]
गद्दारों की चालें समझते हैं,
हम सच्चाई के साथ खड़े हैं।
हर ठिकाने को मिलेगी सजा,
हम अडिग हैं, नहीं डरेंगे।
[Chorus]
ऑपरेशन सिंदूर, समय की पुकार है,
सलाम है उन वीरों को, उनकी बहादुरी यार है।
पुलवामा का बदला, न्याय का दीवाना,
सर्वोच्च समर्पण, दिल में भारतीय है धड़कना।
[Verse 2]
वो धुआं और गोली, फिर न होगा बुरा,
ये समर की जंग है, हम हैं ना डरनेवाले।
साहस की चिंगारी, जलते दिलों में बसी,
नफ़रत के अंधेरों में, आज़ादी की रोशनी।
[Pre-Chorus]
गद्दारों की चालें समझते हैं,
हम सच्चाई के साथ खड़े हैं।
हर ठिकाने को मिलेगी सजा,
हम अडिग हैं, नहीं डरेंगे।
[Chorus]
ऑपरेशन सिंदूर, समय की पुकार है,
सलाम है उन वीरों को, उनकी बहादुरी यार है।
पुलवामा का बदला, न्याय का दीवाना,
सर्वोच्च समर्पण, दिल में भारतीय है धड़कना।
[Bridge]
अब ना छुपेगा दुश्मन, हमने दिखा दिया है,
अपने फर्ज की राह पर, मिट्टी में मिलकर मोहब्बत किया है।
हर गांव की गूंज है, हर दिल में है जोश,
संघर्ष का ये युद्ध, है हमारी पहचान, है हमारा रोश।
[Outro]
तो चलो साथ चलें, अपने दुश्मनों को दिखाएं,
ऑपरेशन सिंदूर में, आओ हम सब साथ आएं।
समर्पित है जो हमारे वीरों को,
हमेशा याद रहेगा उनका नाम, आगाज़ का ये गीत।